बॉम्बे हाईकोर्ट ने भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) को नोटबंदी के दौरान एक व्यक्ति से जब्त किए गए दो लाख मूल्य के 500 रुपये के नोट बदलने के निर्देश दिए। इन नोटों को नोट बदलने के लिए निर्धारित अवधि के बाद लौटाया गया था। न्यायमूर्ति उर्मिला जोशी-फाल्के और न्यायमूर्ति निवेदिता मेहता की पीठ ने बुधवार को पारित आदेश में कहा कि व्यक्ति को दोषी नहीं ठहराया जा सकता, क्योंकि पुलिस ने उसके पास मौजूद नोट चलन से बाहर किए गए नोटों को बदलने की अंतिम तिथि से पहले ही जब्त कर लिए थे और ये नोट उस अवधि के खत्म होने तक पुलिस के कब्जे में थे।
"हाईकोर्ट की नागपुर पीठ ने गिरीश मलानी की याचिका को स्वीकार करते हुए आरबीआई को नोटबंदी के दौरान उससे जब्त किए गए दो लाख रुपये मूल्य के 500 रुपये के नोटों को बदलने के निर्देश दिए। पीठ ने कहा कि याचिकाकर्ता को ऐसे कृत्य का खामियाजा भुगतने नहीं दिया जा सकता, जिसके लिए वह जिम्मेदार नहीं है। मलानी ने अपनी याचिका में कहा था कि वह एक दिसंबर 2016 को 500 रुपये के 400 नोटों के साथ माहुर की ओर जा रहा था, जब पुलिस ने उक्त रकम जब्त कर ली। याचिकाकर्ता के मुताबिक, इस कार्रवाई की सूचना आयकर विभाग को दी गई, जिसने बाद में यह निष्कर्ष निकाला कि उक्त राशि वैध थी और आगे किसी कार्रवाई की जरूरत नहीं है।
Picture Source : https://www.indiafilings.com/learn/wp-content/uploads/2019/09/Exchange-Old-Notes-and-Coins.jpg

