कोई व्यक्ति किसी राज्य में विधान-मंडल के किसी स्थान को भरने के लिए चुने जाने के लिए अर्हत तभी होगा जब —
(क) वह भारत का नागरिक है और निर्वाचन आयोग द्वारा इस निमित्त प्राधिकृत किसी व्यक्ति के समक्ष तीसरी अनुसूची में इस प्रयोजन के लिए दिए गए प्ररूप के अनुसार शपथ लेता है या प्रतिज्ञान करता है और उस पर अपने हस्ताक्षर करता है;
(ख) वह विधानसभा के स्थान के लिए कम से कम पच्चीस वर्ष की आयु का और विधान परिषद के स्थान के लिए कम से कम तीस वर्ष की आयु का है; और
1 संविधान (चवालीसवाँ संशोधन) अधिनियम, 1978 की धारा 24 द्वारा (6-9-1979 से) '' छह वर्ष'' के स्थान पर प्रतिस्थापित। संविधान (बयालीसवाँ संशोधन) अधिनियम, 1976 की धारा 30 द्वारा (3-1-1977 से) मूल शब्दों '' पाँच वर्ष'' के स्थान पर '' छह वर्ष'' प्रतिस्थापित किए गए थे।
2 संविधान (सोलहवाँ संशोधन) अधिनियम, 1963 की धारा 4 द्वारा खंड (क ) के स्थान पर प्रतिस्थापित।
(ग) उसके पास ऐसी अन्य अर्हताएँ हैं जो इस निमित्त संसद द्वारा बनाई गई किसी विधि द्वारा या उसके अधीन विहित की जाएं।

