भारतीय दंड संहिता की धारा 483 के अनुसार, जो कोई किसी 2।।। सम्पत्ति- चिह्न का, जो किसी अन्य व्यक्ति द्वारा उपयोग में लाया जाता हो, कूटकरण करेगा, वह दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दो वर्ष तक की हो सकेगी, या जुर्माने से, या दोनों से, दण्डित किया जाएगा ।
| अपराध | सजा | संज्ञेय | जमानत | विचारणीय |
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| नुकसान या चोट पहुंचाने के इरादे से, दूसरे द्वारा उपयोग किए जाने वाले संपत्ति चिह्न की जालसाजी | 2 साल या जुर्माना या दोनों | गैर - संज्ञेय | जमानतीय | कोई भी मजिस्ट्रेट |

