भारतीय दंड संहिता की धारा 456 के अनुसार, जो कोई रात में छिप कर गॄह-अतिचार या गॄह-भेदन करेगा, तो उसे किसी एक अवधि के लिए कारावास जिसे तीन वर्ष तक बढ़ाया जा सकता है से दण्डित किया जाएगा और साथ ही वह आर्थिक दण्ड के लिए भी उत्तरदायी होगा।
लागू अपराध
रात में छिप कर गॄह-अतिचार या गॄह-भेदन।
सजा - तीन वर्ष कारावास + आर्थिक दण्ड।
यह एक गैर-जमानती, संज्ञेय अपराध है और किसी भी न्यायाधीश द्वारा विचारणीय है।
यह समझौता करने योग्य नहीं है।
| अपराध | सजा | संज्ञेय | जमानत | विचारणीय |
|---|---|---|---|---|
| गुप्त घर अतिचार या रात तक घर तोड़ने | 3 साल + जुर्माना | संज्ञेय | गैर जमानतीय | कोई भी मजिस्ट्रेट |

