नागालैंड विधान सभा (प्रतिनिधित्व में परिवर्तन) अधिनियम, 1968
(1968 का अधिनियम संख्यांक 61)
[31 दिसम्बर, 1968]
नागालैंड की विधान सभा में प्रतिनिधित्व में परिवर्तन करने के लिए
और उस प्रयोजनार्थ नागालैंड राज्य अधिनियम, 1962
में तथा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950
में पारिणामिक संशोधन करने के
लिए अधिनियम
भारत गणराज्य के उन्नीसवें वर्ष में संसद् द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित हो :-
1. संक्षिप्त नाम-(1) इस अधिनियम का संक्षिप्त नाम नागालैंड विधान सभा (प्रतिनिधित्व में परिवर्तन) अधिनियम, 1968 है ।
2. नागालैंड की विधान सभा में प्रतिनिधित्व में परिवर्तन-संविधान के अनुच्छेद 371 के खण्ड (2) में निर्दिष्ट कालावधि के दौरान नागालैंड की विधान सभा को आबंटित स्थानों की कुल संख्या छियालीस से बढ़ाकर बावन कर दी जाएगी, जिनमें से-
(क) ट्यूनसांग जिले को आबंटित स्थानों की संख्या छह से बढ़ाकर बारह कर दी जाएगी और वे उस अनुच्छेद में निर्दिष्ट प्रादेशिक परिषद् के सदस्यों द्वारा अपने में से ऐसी रीति से जिसे नागालौंड का राज्यपाल उस परिषद् से परामर्श करने के पश्चात् राजपत्र में अधिसूचना द्वारा विनिर्दिष्ट करे, चुने गए व्यक्तियों द्वारा भरे जाएंगे ; तथा
(ख) शेष चालीस स्थान शेष नागालैंड राज्य में के सभा निर्वाचन-क्षेत्रों से प्रत्यक्ष निर्वाचन द्वारा चुने गए व्यक्तियों द्वारा भरे जाएंगे ।
। । । । ।
5. वर्तमान विधान सभा के बारे में व्यावृत्ति-इस अधिनियम की कोई बात नागालैंड की वर्तमान विधान सभा में प्रतिनिधित्व पर उसके विघटन तक कोई प्रभाव न डालेगी ।
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