शिलांग (राइफल रेंज और उमलांग) छावनी विधियों की एकरूपता अधिनियम, 1954
(1954 का अधिनियम संख्यांक 31)
[28 मई, 1954]
अनुसूचित क्षेत्रों में प्रवृत्त कतिपय विधियों की खासी और जयन्तिया
पहाड़ी जिलों में प्रवृत्त विधियों से एकरूपता
करने के लिए
अधिनियम
भारत गणराज्य के पांचवें वर्ष में संसद् द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित किया जाता है :-
1. संक्षिप्त नाम और प्रारम्भ-(1) इस अधिनियम का संक्षिप्त नाम शिलांग (राइफल रेंज और उमलांग) छावनी विधियों की एकरूपता अधिनियम, 1954 है ।
(2) यह उस तारीख को प्रवृत्त होगा जिसे केन्द्रीय सरकार राजपत्र में अधिसूचना द्वारा नियत करे ।
2. परिभाषाएं-इस अधिनियम में,-
(क) “नियत दिन" से इस अधिनियम के प्रवृत्त होने के लिए धारा 1 की उपधारा (2) के अधीन नियत की गई तारीख अभिप्रेत है;
(ख) “विधि" से किसी अधिनियम, अध्यादेश, विनियम, नियम, आदेश या उपविधि का उतना भाग अभिप्रेत है जितना संविधान की सप्तम अनुसूची की सूची 1 और सूची 3 में प्रगणित मामलों में से किसी से संबंधित है;
(ग) “अनुसूचित क्षेत्र" से अनुसूची में विनिर्दिष्ट क्षेत्र अभिप्रेत है ।
3. विधियों की एकरूपता-(1) समस्त विधियां, जिनका नियत दिन के ठीक पहले अनुसूचित क्षेत्रों पर विस्तार है या जो वहां प्रवृत्त हैं, उक्त दिन को अनुसूचित क्षेत्रों में प्रवृत्त नहीं रह जाएंगी, सिवाय उन बातों के जो उस दिन के पहले की गई थीं या नहीं की गई थी, और संदेह दूर करने के लिए इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि ऐसे प्रवृत्त न रह जाने पर साधारण खण्ड आधिनियम, 1897 (1897 का 10) की धारा 6 उसी प्रकार लागू होगी जिस प्रकार वह केन्द्रीय अधिनियम द्वारा किसी अधिनियमिति के निरसन को लागू होती है ।
(2) उन समस्त विधियों का, जिनका नियत दिन के ठीक पहले खासी और जयन्तिया पहाड़ी जिलों पर विस्तार है या जो वहां प्रवृत्त हैं, उस दिन से अनुसूचित क्षेत्रों पर विस्तार होगा और वे वहां प्रवृत्त होंगी ।
4. कठिनाइयों को दूर करना-यदि धारा 3 के अधीन एक विधि या विधियों के समूह के किसी दूसरी विधि या विधियों के समूह में संक्रमण के संबंध में कोई कठिनाई उत्पन्न हो तो केन्द्रीय सरकार, राजपत्र में अधिसूचित आदेश द्वारा, ऐसे उपबंध कर सकेगी जो वह उस कठिनाई को दूर करने के लिए आवश्यक समझे ।
अनुसूची
[धारा 2(ग) देखिए]
(1) शिलांग (राइफल रेंज) छावनी, अर्थात्, नीचे परिनिश्चित क्षेत्र-
टिप्पण 1-यह क्षेत्र लाबान ग्राम के पश्चिम में लगभग आधा मील की दूरी पर स्थित है, और उमजास्वै नदी के, जो छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 37 के पश्चिम से पूर्व की ओर बहती है, दक्षिण में लगभग उसी दूरी पर स्थित है ।
यह कहीं भी शिलांग छावनी की सीमाओं के साथ लगा हुआ नहीं है ।
टिप्पण 2-सीमा स्तम्भ संख्या 1,313 अंश के क्षित्यंश पर स्थित है और मुख्य अभिसीमा के, जिसके बीच में होकर उम्मावलंग धारा बहती है, गोली चलाने वाले बिन्दु के 400 अंश के केन्द्र से 420 फीट की दूरी पर है, और 243 अंश के क्षित्यंश पर और उसी अभिसीमा पर गोली चलाने वाले 600 अंश के केन्द्र से 565 फीट की दूरी पर है ।
जब इस सीमा का 1926 में सर्वेक्षण हुआ था तब चुम्बकीय परिवर्तन 00 15 पश्चिम था ।
विलग्न क्षेत्र की सीमाएं
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स्तम्भ |
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चुम्बकीय क्षित्यंश
अंश |
उत्तर से
मिनट |
फुटों में सीधी क्षैतिज दूरी
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स्तम्भ संख्या 1 से स्तम्भ संख्या 2 तक |
सीमा, स्तम्भ संख्या 1 से उत्तर-पश्चिम दिशा में नाले के सिरे को पार करती हुई स्तम्भ संख्या 2 को जाती है, जो इस नाले के पार भुजारोध पर स्थित है । |
308 |
18 |
335 |
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स्तम्भ संख्या 2 से स्तम्भ संख्या 3 तक |
वहां से यह कुछ अधिक उत्तर की ओर मुड़ती है और घने वृक्षदार ढलान पर उतरती है जब तक कि वह स्तम्भ संख्या 3 पर धारा तक नहीं पहुंच जाती । |
317 |
12 |
391 |
|
स्तम्भ संख्या 3 से स्तम्भ संख्या 4 तक |
धारा इन दो स्तम्भों के बीच सीमा बनाती है और यह सीमा दक्षिण-पश्चिम दिशा में चली जाती है । स्तम्भ संख्या 4 धारा के बीच में है । |
219 |
42 |
830 |
|
स्तम्भ संख्या 4 से स्तम्भ संख्या 5 तक |
वहां से एक ढलवां पहाड़ी की तलहटी पर स्थित स्तम्भ संख्या 5 की ओर दक्षिण-पूर्व में तेजी से मुड़ती है । |
144 |
48 |
61 |
|
स्तम्भ संख्या 5 से स्तम्भ संख्या 6 तक |
वहां से सीमा पुनः थोड़े तिरछे चढ़ाव के साथ दक्षिण-पश्चिम में तेजी से मुड़ती है । |
238 |
12 |
113 |
|
स्तम्भ संख्या 6 से स्तम्भ संख्या 7 तक |
स्तम्भ संख्या 6 से थोड़ा सा तिरछा चढ़ाव लगभग दक्षिण की तरफ बना रहता है । |
187 |
24 |
164 |
|
स्तम्भ संख्या 7 से स्तम्भ संख्या 8 तक |
वहां से सीमा उसी रेखा में 40 फीट की दूरी तक चली जाती है जहां से वह मोड़ लेती हुई दक्षिण-पश्चिम दिशा में स्तम्भ संख्या 8 तक जाती है जो नाले के केन्द्र में एक अप्रयुक्त चांदमारी के पीछे के टीले के दक्षिणी कोने के 50 फीट दक्षिण-पूर्व स्थित है । |
21 |
6 |
208 |
|
स्तम्भ संख्या 8 से स्तम्भ संख्या 9 तक |
वहां से इस टीले के दक्षिणी कोने तक स्तम्भ संख्या 9 के साथ-साथ जाती है जो उस टीले के दक्षिण-पश्चिम भाग के केन्द्र में स्थित है । |
324 |
48 |
138 |
|
स्तम्भ संख्या 9 से स्तम्भ संख्या 10 तक |
वहां से सीमा समकोण में घूमती है और एक खड़ी ढलान तक सीधे दक्षिण-पश्चिम दिशा में 150 फीट की दूरी तक जाती है, वहां से दक्षिण की तरफ घूमती हुई 180 फीट तक स्तम्भ संख्या 10 तक भुजारोध के साथ-साथ चलती है । |
205 |
48 |
300 |
|
स्तम्भ संख्या 10 से स्तम्भ संख्या 11 तक |
वहां से इस भुजारोध के नीचे एक चाप के रूप में दक्षिण-पूर्ण में 95 फीट तक और लगभग दक्षिण में 60 फीट तक जाती है । |
141 |
54 |
150 |
|
स्तम्भ संख्या 11 से स्तम्भ संख्या 12 तक |
वहां से दक्षिण-पश्चिम में स्तम्भ संख्या 12 तक मोड़ लेती हुई जाती है जो भुजारोध शिखर पर स्थित है । |
238 |
54 |
120 |
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स्तम्भ संख्या 12 से स्तम्भ संख्या 13 तक |
इन दोनों स्तम्भों के बीच सीमा दक्षिण-पूर्व दिशा में उसी भुजारोध के साथ-साथ चलती है । |
225 |
30 |
391 |
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स्तम्भ संख्या 13 से स्तम्भ संख्या 14 तक |
वहां से सीमा दक्षिण-पूर्व में घूमती है और नीचे नाले तक जाती है । |
150 |
30 |
231 |
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स्तम्भ संख्या 14 से स्तम्भ संख्या 15 तक |
वहां से उसी रेखा में नाले के पार भुजारोध तक जाती है । |
154 |
18 |
268 |
|
स्तम्भ संख्या 15 से स्तम्भ संख्या 16 तक |
वहां से उसी रेखा में इस भुजारोध के पार इसके दक्षिण ढलान तक जाती है । |
152 |
30 |
320 |
|
1 |
2 |
3 |
4 |
5 |
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स्तम्भ संख्या 16 से स्तम्भ संख्या 17 तक |
सीमा-स्तम्भ संख्या 16 से भुजारोध के दक्षिण ढलान के साथ-साथ चल कर पूर्व की ओर मुड़ जाती है । |
77 |
12 |
235 |
|
स्तम्भ संख्या 17 से स्तम्भ संख्या 18 तक |
उसी रेखा में इस भुजारोध के दक्षिण-पूर्व ढलान के नीचे तक जाती है । |
82 |
36 |
210 |
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स्तम्भ संख्या 18 से स्तम्भ संख्या 19 तक |
सीमा यहां पर उत्तर-पूर्व दिशा में मुड़ती है और नाले को पार करने के लिए एक ऐसी खड़ी ढलान पर नीचे उतरती है जिससे नीचे उम्मावलंग धारा की वाजालिनो शाखा बहती है और इस धारा के उत्तर-पूर्व से सीधे ढलान पर स्तम्भ संख्या 19 तक, जो घने वन में साफ किए स्थान पर स्थित है, चढ़ती है । |
75 |
54 |
850 |
|
स्तम्भ संख्या 19 से स्तम्भ संख्या 20 तक |
वहां से लगभग उसी रेखा में किन्तु इस साफ किए गए स्थान के साथ-साथ कुछ उत्तर की तरफ स्तम्भ संख्या 20 तक, जो उस पगडंडी के किनारे पर स्थित है जो केंच ट्रेस के धुर दक्षिण से दक्षिण-पश्चिम की ओर जाती है । |
70 |
42 |
464 |
|
स्तम्भ संख्या 20 से स्तम्भ संख्या 21 तक |
वहां से उत्तर-पूर्वी की तरफ स्तम्भ संख्या 21 तक, जो केंच ट्रेस के धुर दक्षिण से पूर्व की ओर स्थित है, जाती है । |
42 |
48 |
363 |
|
स्तम्भ संख्या 21 से स्तम्भ संख्या 22 तक |
सीमा केंच ट्रेस के साथ-साथ उत्तर-पश्चिम दिशा में स्तम्भ संख्या 21क तक जाती है; वहां से सीधी रेखा में केंच ट्रेस पर स्थित स्तम्भ संख्या 21ख तक, वहां से केंच ट्रेस के साथ स्तम्भ संख्या 21ग से होकर स्तम्भ संख्या 21घ तक वहां से एक सीधी रेखा में स्तम्भ संख्या 22 तक, जो उम्मावलंग धारा के पश्चिमी किनारे पर राइफल रैंज के गोलियां चलाने वाले बिन्दु के 20 गज ठीक उत्तर में स्थित है । |
326 |
30 |
680 |
|
स्तम्भ संख्या 22 से स्तम्भ संख्या 23 तक |
उम्मावलंग धारा का पश्चिमी किनारा इन दो स्तम्भों के बीच की सीमा बनाता है । |
5 |
30 |
1,440 |
|
स्तम्भ संख्या 23 से स्तम्भ संख्या 24 तक |
वहां से सीमा एकाएक घूमती है और भुजारोध के निचले शिखर तक दक्षिण-पश्चिम में जाती है । |
203 |
42 |
200 |
|
स्तम्भ संख्या 24 से स्तम्भ संख्या 25 तक |
वहां से उसी रेखा में ऊपर की तरफ और नाले को पार करती हुई इस भुजारोध के दक्षिण-पूर्व तक जाती है । |
203 |
42 |
200 |
|
स्तम्भ संख्या 25 से स्तम्भ संख्या 26 तक |
वहां से उसी रेखा में ऊपर भुजारोध के पार्श्व में इस नाले के दक्षिण-पूर्व की ओर, स्तम्भ संख्या 1 तक जाती है । |
203 |
12 |
240 |
(2) शिलांग (उमलांग) छावनी, अर्थात् नीचे परिनिश्चित क्षेत्र :-
क्षेत्रफल 1,962 एकड़
ब्रेमार पूर्व सीमा-स्तम्भ संख्या 1 या छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 29 वा श्खलुर के बाएं किनारे पर, छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या के उत्तर-पश्चिम में छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 30 से 3080 11 के सही क्षित्यंश पर 300 फीट की दूरी पर स्थित है ।
(चुम्बकीय परिवर्तन______________________________1931 में 550 पश्चिम)
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वर्णन |
ठीक उत्तर से
अंश |
क्षित्यंश
मिनट |
फुटों में सीधी क्षैतिज दूरी
|
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ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 1 से, जो छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 29 भी है, सीमा एक धारा को पार करती हुई उत्तर-पश्चिम दिशा में एक सीधी रेखा में प्राइवेट भूमि की सीमा के साथ-साथ ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 2 तक जाती है । |
294 |
30 |
165 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 2 से, सीमा पश्चिम दिशा में प्राइवेट भूमि की सीमा के साथ-साथ सूखे नाले के तल तक, जो ब्रेमार स्तम्भ संख्या 3 के 10 फीट उत्तर में है, जाती है । |
258 |
05 |
800 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 3 से, सीमा पश्चिम की ओर सूखे नाले के तल के साथ-साथ ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 4 को जाती है जो इस सूखे नाले के सिरे के समीप स्थित है । |
252 |
28 |
800 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 4 से, सीमा दक्षिण दिशा में लगभग 70 फीट दूर एक प्राइवेट बैलगाड़ी मार्ग तक जाती है, वहां से इस मार्ग के पूर्वी किनारे के साथ-साथ ब्रेमार सीमा-स्तम्भ 5 तक जाती है जो एक धारा के बाएं किनारे पर उस स्थान पर स्थित है जहां मार्ग धारा के पार जाता है । |
184 |
50 |
580 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 5 से, सीमा दक्षिण-पश्चिमी दिशा में धारा और बैलगाड़ी मार्ग को पार करती हुई पहाड़ी के ऊपर एक सीधी रेखा में छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 34 के साथ-साथ ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 6 तक जाती है । |
216 |
50 |
240 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 6 से, सीमा पूर्व दिशा में छावनी सीमा के साथ-साथ ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 7 तक जाती है, जो उस जगह स्थित है जहां मार्ग, वा श्खलुर के दाहिने किनारे पर, पहाड़ी के पार्श्व पर स्थित छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 33 के पश्चिम में लगभग 46 फीट पर, वा श्खलुर को पार करता है । |
97 |
05 |
705 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 7 से सीमा उत्तर-पूर्व दिशा में छावनी सीमा के साथ-साथ जो वा श्खलुर (वा लिडो) धारा का दाहिना किनारा है, ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 8 तक जो दाहिने किनारे पर, जहां नदी बाएं हाथ को छावनी सीमा-स्तम्भ संख्या 30 के नीचे मुड़ती है, जाती है । |
36 |
30 |
1,150 |
|
ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 8 से, उत्तर-पश्चिम दिशा में छावनी सीमा के साथ-साथ जो वा श्खलुर (वा लिन्डो) धारा का दाहिना किनारा है और उसको पार करती हुई ब्रेमार सीमा-स्तम्भ संख्या 1 के सामने तक जाती है । |
292 |
30 |
195 |
_______

