विधिज्ञ परिषद् (राज्य विधियों का विधिमान्यकरण) अधिनियम, 1956
(1956 का अधिनियम संख्यांक 4)
[13 मार्च, 1956]
भारतीय विधिज्ञ परिषद् अधिनियम, 1926 का संशोधन करने वाली
कतिपय राज्य विधियों को विधिमान्य बनाने हेतु
अधिनियम
भारत गणराज्य के सातवें वर्ष में संसद् द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित हो :श्न्
1. संक्षिप्त नाम-इस अधिनियम का संक्षिप्त नाम विधिज्ञ परिषद् (राज्य विधियों का विधिमान्यकरण) अधिनियम, 1956 है ।
2. भारतीय विधिज्ञ परिषद् अधिनियम, 1926 (1926 का 38) का संशोधन करने वाली कतिपय राज्य विधियों का विधिमान्यकरण-अनुसूची में विनिर्दिष्ट विधियां उसी प्रकार विधिमान्य होंगी तथा सदा के लिए उसी प्रकार विधिमान्य समझी जाएंगी मानों उनमें अन्तर्विष्ट उपबन्ध संसद् द्वारा अधिनियमित किए गए हों ।
अनुसूची
(धारा 2 देखिए)
1. भारतीय विधिज्ञ परिषद् (आन्ध्र संशोधन) अधिनियम, 1954 (1954 का राष्ट्रपति का अधिनियम सं० 7) ।
2. भारतीय विधिज्ञ परिषद् (उत्तर प्रदेश संशोधन) अधिनियम, 1950 (1950 का उ०प्र० अधिनियम सं० 24) ।
3. भारतीय विधिज्ञ परिषद् (मद्रास संशोधन) अधिनियम, 1954 (1954 का मद्रास अधिनियम सं० 35) ।
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